कथेतर

Non-Fictions

साहित्य, समाज, राजनीति और समकालीन ज्वलंत मुद्दों पर प्रेमचंद की गंभीर वैचारिक कथेतर रचनाएँ।

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मुंशी प्रेमचंद कृत काउण्ट टॉल्स्टॉय और फन-ए-लतीफ (सत्कला) का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1920

काउण्ट टॉल्स्टॉय और फन-ए-लतीफ (सत्कला)

Count Tolstoy Aur Fan-e-Latif

महान रूसी विचारक और लेखक लियो टॉल्स्टॉय के कला-सिद्धांत ('सत्कला') पर मुंशी प्रेमचंद का एक विचारोत्तेजक आलोचनात्मक लेख, जिसमें उन्होंने कला को विलास के साधन के बजाय मानव-एकता और नैतिकता का माध्यम बताया।

14 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत मुंशी गोरखप्रसाद 'इबरत' का कवर इमेज
संस्मरण
कथेतर1919

मुंशी गोरखप्रसाद 'इबरत'

Munshi Gorakhprasad Ibrat

गोरखपुर के विख्यात वकील, निस्पृह सिद्धहस्त शायर मुंशी गोरखप्रसाद 'इबरत' (फ़िराक़ गोरखपुरी के पिता) के व्यक्तित्व, दीवान और उनकी सादगीपूर्ण मसनवियों व ग़ज़लों पर मुंशी प्रेमचंद का संस्मरणात्मक लेख।

9 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत बिहारी का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1917

बिहारी

Bihari

रीतिकाल के सिरमौर कवि बिहारी की 'सतसई', उनकी अनुपम चमत्कार-शैली, फारसी गज़ल से सादृश्य और सौंदर्य-वर्णन पर मुंशी प्रेमचंद का एक अत्यंत सूक्ष्म और गहरा आलोचनात्मक अध्ययन।

27 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत केशव का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1917

केशव

Keshav

हिन्दी रीतिकाल के प्रमुख आचार्य कवि केशवदास के पांडित्य, 'रामचन्द्रिका' के संवादों, अलंकार-प्रियता तथा उनके काव्य के गुण-दोषों की मुंशी प्रेमचंद द्वारा निष्पक्ष और पैनी समीक्षा।

23 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत हिन्दुस्तानी रेलों की साठ-साला तारीख का कवर इमेज
लेख
कथेतर1915

हिन्दुस्तानी रेलों की साठ-साला तारीख

Hindustani Relon Ki Sath-Sala Tarikh

सन् 1854 में लॉर्ड डलहौजी के काल से लेकर भारतीय रेल के 60 वर्षों के ऐतिहासिक विकास, विस्तार और देश की अर्थव्यवस्था पर उसके नफ़े-नुकसान का मुंशी प्रेमचंद कृत सारगर्भित ऐतिहासिक लेख।

12 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत कालिदास की कविता का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1914

कालिदास की कविता

Kalidas Ki Kavita

महाकवि कालिदास की कविता में प्रकृति-चित्रण, सौंदर्य-सृष्टि, 'ऋतुसंहार' के ऋतु-वर्णन और उनकी काव्य-कला पर मुंशी प्रेमचंद का एक पांडित्यपूर्ण आलोचनात्मक निबंध।

30 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1913

भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र

Bharatendu Babu Harishchandra

आधुनिक हिन्दी गद्य, कविता और नाट्यकला के युगप्रवर्तक भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र की बहुमुखी प्रतिभा, साहित्यिक योगदान और भाषा-सुधार पर मुंशी प्रेमचंद का एक उत्कृष्ट समीक्षात्मक लेख।

18 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत मजनूं का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1913

मजनूं

Majnu

अरबी और फारसी काव्य-परंपरा के अमर प्रेमाख्यान 'लैला-मजनूं' में मजनूं के विरह, पागलपन, आत्म-समर्पण और प्रेम-दर्शन पर मुंशी प्रेमचंद का एक विस्तृत एवं भावपूर्ण आलोचनात्मक अध्ययन।

44 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत हिन्दू सभ्यता और लोक-हित का कवर इमेज
निबंध
कथेतर1912

हिन्दू सभ्यता और लोक-हित

Hindu Sabhyata Aur Lok-Hit

प्राचीन भारतीय सभ्यता में लोकहित, जन-कल्याण, चिकित्सालयों, पशु-रक्षा और सिंचाई व्यवस्था की समृद्ध ऐतिहासिक परंपरा को उजागर करता तथा औपनिवेशिक दावों का सप्रमाण खंडन करता मुंशी प्रेमचंद का एक विचारोत्तेजक शोधपरक निबंध।

25 मिनट