आलोचना — कथेतर

Criticism

साहित्यिक रचनाओं, कृतियों और लेखकों का प्रेमचंद द्वारा किया गया आलोचनात्मक विवेचन।

9 रचनाएँ

मुंशी प्रेमचंद कृत नोबल पुरस्कार-प्राप्तकर्त्ता जॉन गाल्सवर्दी का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1933

नोबल पुरस्कार-प्राप्तकर्त्ता जॉन गाल्सवर्दी

Nobel Puraskar-Praptakarta John Galsworthy

अंग्रेजी के प्रख्यात यथार्थवादी नाटककार व उपन्यासकार जॉन गाल्सवर्दी के जीवन, कला और नोबेल सम्मान पर प्रेमचंद की सारगर्भित समीक्षा।

6 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत काउण्ट टॉल्स्टॉय और फन-ए-लतीफ (सत्कला) का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1920

काउण्ट टॉल्स्टॉय और फन-ए-लतीफ (सत्कला)

Count Tolstoy Aur Fan-e-Latif

महान रूसी विचारक और लेखक लियो टॉल्स्टॉय के कला-सिद्धांत ('सत्कला') पर मुंशी प्रेमचंद का एक विचारोत्तेजक आलोचनात्मक लेख, जिसमें उन्होंने कला को विलास के साधन के बजाय मानव-एकता और नैतिकता का माध्यम बताया।

14 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत बिहारी का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1917

बिहारी

Bihari

रीतिकाल के सिरमौर कवि बिहारी की 'सतसई', उनकी अनुपम चमत्कार-शैली, फारसी गज़ल से सादृश्य और सौंदर्य-वर्णन पर मुंशी प्रेमचंद का एक अत्यंत सूक्ष्म और गहरा आलोचनात्मक अध्ययन।

27 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत केशव का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1917

केशव

Keshav

हिन्दी रीतिकाल के प्रमुख आचार्य कवि केशवदास के पांडित्य, 'रामचन्द्रिका' के संवादों, अलंकार-प्रियता तथा उनके काव्य के गुण-दोषों की मुंशी प्रेमचंद द्वारा निष्पक्ष और पैनी समीक्षा।

23 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत कालिदास की कविता का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1914

कालिदास की कविता

Kalidas Ki Kavita

महाकवि कालिदास की कविता में प्रकृति-चित्रण, सौंदर्य-सृष्टि, 'ऋतुसंहार' के ऋतु-वर्णन और उनकी काव्य-कला पर मुंशी प्रेमचंद का एक पांडित्यपूर्ण आलोचनात्मक निबंध।

30 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1913

भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र

Bharatendu Babu Harishchandra

आधुनिक हिन्दी गद्य, कविता और नाट्यकला के युगप्रवर्तक भारतेन्दु बाबू हरिश्चन्द्र की बहुमुखी प्रतिभा, साहित्यिक योगदान और भाषा-सुधार पर मुंशी प्रेमचंद का एक उत्कृष्ट समीक्षात्मक लेख।

18 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत मजनूं का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1913

मजनूं

Majnu

अरबी और फारसी काव्य-परंपरा के अमर प्रेमाख्यान 'लैला-मजनूं' में मजनूं के विरह, पागलपन, आत्म-समर्पण और प्रेम-दर्शन पर मुंशी प्रेमचंद का एक विस्तृत एवं भावपूर्ण आलोचनात्मक अध्ययन।

44 मिनट
मुंशी प्रेमचंद कृत अकबर की शायरी पर एक नज़र का कवर इमेज
आलोचना
कथेतर1909

अकबर की शायरी पर एक नज़र

Akbar Ki Shayari Par Ek Nazar

अकबर इलाहाबादी की व्यंग्यपरक, सुधारवादी, कौमी एकता और स्वदेशी-समर्थक शायरी की विशेषताओं, शैली और युगीन महत्व पर मुंशी प्रेमचंद का एक उत्कृष्ट और विस्तृत समीक्षात्मक निबंध।

35 मिनट