भाषण
कथेतर1936
एक भाषण
Ek Bhashan
प्रेमचंद का निबंध 'एक भाषण' उनके द्वारा लाहौर में आयोजित आर्यभाषा सम्मेलन में दिया गया भाषण है, जिसमें उन्होंने भाषा, साहित्य और हिन्दी और उर्दू के संबंध पर चर्चा की।
39 मिनट
Speeches
साहित्यिक सम्मेलनों, सभाओं और सम्भाषणों में प्रेमचंद द्वारा दिए गए ऐतिहासिक भाषण।
3 रचनाएँ
Ek Bhashan
प्रेमचंद का निबंध 'एक भाषण' उनके द्वारा लाहौर में आयोजित आर्यभाषा सम्मेलन में दिया गया भाषण है, जिसमें उन्होंने भाषा, साहित्य और हिन्दी और उर्दू के संबंध पर चर्चा की।
Hindi-Urdu Ki Ekta
लाहौर के आर्य भाषा सम्मेलन में प्रेमचंद का प्रसिद्ध भाषण, जिसमें उन्होंने हिन्दी और उर्दू की साझा विरासत और भाषाई एकता पर बल दिया।
Hindi Rashtrabhasha Hogi
खंडवा में पं० माखनलाल चतुर्वेदी की अध्यक्षता में आयोजित समारोह में प्रेमचंद का ओजस्वी भाषण, जिसमें उन्होंने हिन्दी को भारत की स्वाभाविक राष्ट्रभाषा घोषित किया।