पण्डित मोटेराम जी शास्त्री
Pandit Moteram Ji Shastri
प्रेमचंद की कहानी 'पण्डित मोटेराम जी शास्त्री' एक ढोंगी शिक्षक के वैद्य बनकर लोगों को ठगने और अंततः पिटकर भागने का मनोरंजक व्यंग्य है।
Short Stories
भारतीय जनजीवन और समाज की यथार्थ तस्वीर प्रस्तुत करती प्रेमचंद की 300 से अधिक कालजयी कहानियाँ।
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Pandit Moteram Ji Shastri
प्रेमचंद की कहानी 'पण्डित मोटेराम जी शास्त्री' एक ढोंगी शिक्षक के वैद्य बनकर लोगों को ठगने और अंततः पिटकर भागने का मनोरंजक व्यंग्य है।
Parvat Yatra
प्रेमचंद की कहानी 'पर्वत यात्रा' औपनिवेशिक काल के चाटुकार मुंशी गुलाबाज खाँ और सुस्त रईस कुँअर शमशेर सिंह पर एक हास्य-व्यंग्य है।
Pratisodh
प्रेमचंद की कहानी 'प्रतिशोध' एक महिला माया की कहानी है जो अपने पति की हत्या का प्रतिशोध लेने निकलती है, लेकिन न्याय और सत्य के कटु यथार्थ का सामना करती है।
Prem Ki Holi
प्रेमचंद की कहानी 'प्रेम की होली' युवा विधवा गंगी के मूक प्रेम और दुखांत त्रासदी की एक अत्यंत हृदयस्पर्शी कहानी है, जिसके जीवन से होली की खुशियां सदा के लिए चली जाती हैं।
Prem Sutra
प्रेमचंद की कहानी 'प्रेम-सूत्र' दांपत्य प्रेम, ईर्ष्या और बाह्य आकर्षण के बीच के मानसिक द्वंद्व की एक संवेदनशील कहानी है जिसमें प्रभा और पशुपतिनाथ के रिश्ते को रेखांकित किया गया है।
Prerna
प्रेमचंद की कहानी 'प्रेरणा' एक शरारती विद्यार्थी के चरित्र-परिवर्तन की मार्मिक कथा है। सूर्यप्रकाश के जीवन में मोहन का निष्कपट प्रेम और त्याग ऐसी प्रेरणा बन जाता है जो उसे आगे चलकर पूरी तरह बदल देती है।
Putra Prem
प्रेमचंद की कहानी 'पुत्र प्रेम' बाबू चैतन्यदास के अर्थशास्त्र-संचालित मस्तिष्क और एक पिता के सच्चे पश्चात्ताप की करुण गाथा है।
Rahasya
प्रेमचंद की कहानी 'रहस्य' विमल प्रकाश और मंजुला के माध्यम से आदर्शवाद, महिला-सेवा और सामाजिक जीवन में छिपे दोहरेपन और रहस्यों को उजागर करती है।
Rajhath
प्रेमचंद की कहानी 'राजहठ' राजा देवमल और उनके सुपुत्र कुँवर इंदरमल के बीच रियासत के बेजा खर्चों और दशहरे के उत्सव को लेकर हुए विचारों के टकराव की कहानी है।
Rajya Bhakt
प्रेमचंद की ऐतिहासिक कहानी 'राज्य-भक्त' अवध के बादशाह नासिरुद्दीन के शासनकाल की पृष्ठभूमि में राजा बख्तावरसिंह की कथा है। राज्य के प्रति निष्ठावान राजा बख्तावरसिंह को अंग्रेजों और रोशनुद्दौला के षड्यंत्र से राज्य तथा बादशाह की रक्षा करते हुए अपने व्यक्तिगत अपमान और पीड़ा से ऊपर उठना पड़ता है।
Shanti
प्रेमचंद की कहानी 'शांति' पश्चिमी आधुनिकता और भारतीय पारंपरिक मूल्यों के द्वंद्व के बीच दांपत्य जीवन और आत्मिक शांति की तलाश को रेखांकित करती है।
Smriti Ka Pujari
प्रेमचंद की 'स्मृति का पुजारी' वैवाहिक प्रेम, शोक, स्मृति, निष्ठा और मानवीय मनोविज्ञान की मार्मिक कहानी है। पत्नी की मृत्यु के बाद महाशय होरीलाल संसार से विरक्त होकर उसकी स्मृतियों में जीने लगते हैं। मिस इंदिरा के रूप में उन्हें फिर से जीवन और प्रेम का अवसर मिलता है, लेकिन वे अपनी दिवंगत पत्नी की स्मृति को किसी नए संबंध से कलंकित नहीं करना चाहते।